Friday, September 23, 2022
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इस्लामिक संगठन PFI का आतंकवाद, आरएसएस कार्यालय पर बम हमला,दलित ड्राइवर की आंखे फोड़ी,सेक्युलर दलों की फटी विरोध भी करने में

तमिलनाडु के कोयंबटूर में भाजपा कार्यालय में तोड़फोड़ की घटना घटी है। वहाँ कुछ लोगों ने ऑफिस में पेट्रोल बम भी फेंके। इनके अलावा कन्नूर के मट्टनूर में दो लोगों द्वारा आरएसएस के ऑफिस पर पेट्रोल बम फेंकने की खबर आई है।

केरल पीएफआई
केरल में PFI कार्यकर्ताओं ने गाड़ियों में की तोड़फोड़, पुलिसवालों पर भी हमला (फोटो साभार: ANI/MANORAMA)

राष्ट्रीय जाँच एजेंसी (NIA) और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की कार्रवाई में पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) के कई लोग गिरफ्तार होने के बाद अब उनके समर्थक सड़कों पर हंगामा कर कर रहे हैं।

कहीं सार्वजनिक वाहनों को जलाया जा रहा है, तो कहीं पुलिसकर्मियों पर हमला हो रहा है। इस बीच भाजपा कार्यालय और आरएसएस दफ्तर में भी बम फेंके जाने की खबर हैं। हालात इतने बेकाबू हैं कि छात्रों की परीक्षाएँ स्थगित हो चुकी हैं, पुलिसकर्मी घायल हो रहे हैं।

बता दें कि टेरर फंडिंग मामले में हुई ताबड़तोड़ छापेमारी के खिलाफ PFI के लोगों ने शुक्रवार (23 सितंबर 2022) सुबह 6 बजे से लेकर शाम 6 तक ‘केरल बंद’ का आह्वान किया था। इसी बीच ये लोग जगह-जगह उपद्रव कर रहे हैं।

पत्थर और पेट्रोल बम फेंकने की घटना

केरल बंद के ऐलान के बीच राज्य के विभिन्न हिस्सों से पथराव और हिंसा की घटनाएँ सामने आई हैं। तिरुवनंतपुरम, कोट्टम में बंद का समर्थन कर रहे PFI के उपद्रवियों ने तोड़फोड़ की और सरकारी बसों, ऑटो-रिक्शा और एक कार को क्षतिग्रस्त कर दिया।

अलाप्पुझा में केरल राज्य सड़क परिवहन निगम (KSRTC) की दो बसों और दो लॉरियों के शीशे तोड़ दिए गए। कोल्लम, पठानमथिट्टा, अलाप्पुझा, एर्नाकुलम, कोझीकोड और वायनाड जिलों में भी वाहनों पर पथराव किया गया।

कोझीकोड सिविल स्टेशन के पास KSRTC बस पर पथराव के दौरान उसके ड्राइवर की आँख में चोट लग गई, जिसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया है।

तमिलनाडु के कोयंबटूर में भाजपा कार्यालय में तोड़फोड़ की घटना घटी है। वहाँ कुछ लोगों ने ऑफिस में पेट्रोल बम भी फेंके। इनके अलावा कन्नूर के मट्टनूर में दो लोगों द्वारा आरएसएस के ऑफिस पर पेट्रोल बम फेंकने की खबर आई है।

‘PFI के खिलाफ कार्रवाई जुल्म’

इस पूरे घटनाक्रम के बीच, पीएफआई के खिलाफ NIA के एक्शन पर समाजवादी पार्टी के सांसद शफीकुर्रहमान बर्क का बयान सामने आया है। शफीकुर्रहमान बर्क ने PFI के खिलाफ कार्रवाई जुल्म बताया है। बर्क ने कहा,

“पीएफआई (पापुलर फ्रंट आफ इंडिया) एक संस्था है। एनआईए छापेमारी करके उन पर जुल्म कर रही है। उनका क्या जुर्म है, वह मुस्लिमों के मसीहा हैं।। वह एक पार्टी है, जो एक संस्था चला रहे हैं। उनका पैसा और पार्टियाँ उनका प्रोग्राम चलाती हैं तो उनका जुर्म क्या है। उनको क्यों गिरफ्तार किया जा रहा है?”

उल्लेखनीय है कि 22 सितंबर 2022 को पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) का राष्ट्रीय अध्यक्ष ओएमएस सलाम और इसी संगठन के दिल्ली अध्यक्ष परवेज अहमद को राष्ट्रीय जाँच एजेंसी ने गिरफ्तार किया था। पीएफआई के लोग छापेमारी के खिलाफ देश के कई हिस्सों में विरोध-प्रदर्शन करने उतर गए। इसको देखते हुए दिल्ली में एनआईए ऑफिस की सुरक्षा बढ़ा दी गई है।

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