मुसलमान नेता की धमकी दंगाइयों को,हमारे साथ रहो साथ दो,यदि योगी आदित्यनाथ जैसी सरकार आ गयी,सड़क पर नाटक करना भूल जाओगे

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याद तो होगा तृणमूल कांग्रेस सुप्रीम व पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के एक मंत्री ने उनके लिए नयी परेशानी खड़ी कर दी थी। पश्चिम बंगाल की ममता बनर्जी सरकार के मंत्री बॉबी फिरहाद हकीम ने पाकिस्तान की पत्रकार मलीहा हमीद सिद्दीकी को अपने निर्वाचन क्षेत्र में घुमाते हुए कहा कि आइए मैं आपको यहां मिनी पाकिस्तान दिखाता हूं. उन्होंने मिनी पाकिस्तान कोलकाता के गार्डन रिच इलाके को कहा . उनकी यह टिप्पणी और पूरी खबर कल पाकिस्तान के अग्रणी द डॉन अखबार में छपी थी
उसी फरहाद हकीम का बयान
बीजेपी सत्ता में आई, तो यूपी की तरह आप सिर नहीं उठा पाएँगे: TMC नेता की मुस्लिम दंगाइयों को सी
“विरोध करना चाहते हैं तो ममता बनर्जी की रैली में शामिल हों। लोकतांत्रिक, सामाजिक तरीके से CAB और NRC के ख़िलाफ़ विरोध करें। बंगाल के लोग आहत हो रहे हैं और दिल्ली के अमित शाह इस पर हँस रहे हैं।”
शनिवार को, कोलकाता के मेयर और सत्ताधारी तृणमूल कॉन्ग्रेस के नेता फ़रहाद हकीम ने मुस्लिम दंगाई भीड़ से राज्य में दंगा न करने और सार्वजनिक सम्पत्ति को नुकसान नहीं पहुँचाने की अपील की। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी पहले ही घोषणा कर चुकी हैं कि राज्य में NRC और CAA लागू नहीं किया जाएगा, इसलिए उन्हें चिंता करने की ज़रूरत नहीं है।
हकीम ने कहा कि बंगाल के लोगों को अपने ही राज्य के अन्य लोगों को नुक़सान नहीं पहुँचाना चाहिए। हमें बंगाल के लोगों की सार्वजनिक सम्पत्ति को नुक़सान नहीं पहुँचाना चाहिए। अगर ऐसा किया जाएगा तो फिर वो लोग अमित शाह का समर्थन करना शुरू कर देंगे। अगर उनमें से 70% लोग अमित शाह का समर्थन करते हैं, तो जब बीजेपी यहाँ सत्ता में आ जाएगी तो आप अपना सिर नहीं उठा सकेंगे जैसा वो (बीजेपी) उत्तर प्रदेश में करते हैं। तब कोई भी सड़कों पर नहीं आएगा।
उन्होंने कहा, “विरोध करना चाहते हैं तो ममता बनर्जी की रैली में शामिल हों। लोकतांत्रिक, सामाजिक तरीके से CAB और NRC के ख़िलाफ़ विरोध करें। हम अपराधी नहीं हैं कि हम बसों को जलाएँ और अराजकता फैलाएँ। मैं उन भाइयों से अनुरोध करता हूँ जो इन विरोध-प्रदर्शनों में समझदारी से विचार कर रहे हैं। बंगाल के लोग आहत हो रहे हैं और दिल्ली के अमित शाह इस पर हँस रहे हैं।”
मुस्लिम दंगाई पश्चिम बंगाल में उग्र रूप से फैल गए हैं और राज्य सरकार ने अब तक उनसे सख़्ती से पेश नहीं आई है। बसों को जला दिया गया है, गाड़ियों में आग लगा दी गई है और राज्य से सार्वजनिक सम्पत्ति को भारी नुकसान हुआ है।